वनडे सीरीज़ में घरेलू परिस्थितियों का पूरा लाभ लेना चाहेगा भारत
विराट कोहली और रोहित शर्मा पर रहेगा फोकस, देखना होगा मिडिल ऑर्डर में कौन लेगा श्रेयस अय्यर की जगह
सिद्धार्थ मोंगा
29-Nov-2025 • 60 mins ago
बड़ी तस्वीर: लापरवाह नहीं हो सकता भारत
हम कभी-कभी यह भूल जाते हैं कि चोटें किसी भी टीम की क़िस्मत में कितना बड़ा रोल निभाती हैं। भारत अब लगातार तीसरे अंतरराष्ट्रीय मैच में तीसरे अलग कप्तान के साथ उतर रहा है। कोलकाता टेस्ट में शुभमन गिल की गर्दन की चोट ने उन्हें बाहर कर दिया, जबकि वह पिछले कुछ महीनों से भारत के तीनों फ़ॉर्मेट में लगातार खेल रहे थे।
टीम के वनडे उप-कप्तान श्रेयस अय्यर भी ऑस्ट्रेलिया में एक कैच लेते समय पसली में लगी चोट की वजह से बाहर हैं। हालांकि यह फ़ॉर्मेट अभी भी भारत के लिए आदर्श है। कम से कम इस पीढ़ी के खिलाड़ियों के लिए, चोटिल नियमित कप्तान और उप-कप्तान को छोड़कर। भारत ने हाल के वर्षों में वनडे में दबदबा बनाया है। आख़िरी एशिया कप जीता, पिछली चैंपियंस ट्रॉफ़ी जीती और पिछले विश्व कप में सिर्फ़ फ़ाइनल हारा।
लेकिन भारत आत्मसंतुष्ट नहीं होना चाहता क्योंकि अगला विश्व कप साउथ अफ़्रीका में है।
इसलिए सवाल उठते रहेंगे कि क्या रोहित शर्मा और विराट कोहली 2027 के अंत तक फ़िट रहेंगे? तेज़ गेंदबाज़ी ऑलराउंडर कहां से आएगा?
वर्कलोड मैनेजमेंट कैसे होगा? और यह वही फ़ॉर्मेट है जो सबसे कम खेला जाता है।
भारत के प्रतिद्वंद्वी हाल के समय में वनडे में इतने मज़बूत नहीं रहे हैं, लेकिन 2-0 से टेस्ट जीतने के बाद उनका आत्मविश्वास निश्चित तौर पर ऊंचा होगा। यह एक दुर्लभ पूर्ण दौरा है क्योंकि आजकल घरेलू बोर्ड ज़्यादा कमाई के लिए टेस्ट और छोटे फ़ॉर्मेट को अलग-अलग कराने लगे हैं। लेकिन ऑल-फ़ॉर्मेट टूर की अपनी खूबसूरती है। एक टीम पूरी सीरीज़ पर हावी होना चाहती है और दूसरी टीम बाक़ी फ़ॉर्मेट में बदला लेने का रास्ता ढूंढती है।
साथ ही, साउथ अफ़्रीका अब लगभग फुल स्ट्रेंथ में है, सिवाय चोटिल कगिसो रबाडा की अनुपस्थिति के। एडन मारक्रम और टेम्बा बवूमा की वापसी उनकी बल्लेबाज़ी को मज़बूती देगी, और केशव महाराज उन्हें वह स्पिन नियंत्रण देंगे जो पाकिस्तान में उन्होंने मिस किया था। ये सिर्फ़ तीन वनडे हैं और T20I के बढ़ते फोकस के बीच इन्हें जल्द भुला दिया जाएगा,
लेकिन जब तक ये चलेंगे, ज़बरदस्त मुकाबले देने का वादा ज़रूर करते हैं।
फ़ॉर्म गाइड
भारत WLLWW (पिछले पांच पूरे हुए वनडे, हालिया पहले)साउथ अफ़्रीका LWLLW
रो-को और ब्रीत्ज़के पर रहेगी नज़र
गिल की गैरमौजदगी में भारतीय टीम की कमान केएल राहुल के पास रहेगी। चयनकर्ता के पास यह विकल्प हो सकता था कि वे रोहित शर्मा को कप्तानी दिए जाने के बारे में सोचे लेकिन ऐसा नहीं हुआ। रोहित सिर्फ़ वनडे फ़ॉर्मेट ही खेलते हैं। अपने पिछले मैच में उन्होंने एक अच्छा शतक भी लगाया। लेकिन कप्तानी न दिया जाना इस बात का संकेत है कि दोनों खिलाड़ी के वनडे विश्व कप में खेलने को लेकर संशय और सवाल दोनों बना रहेगा।
वहीं मैथ्यू ब्रीत्ज़के साउथ अफ़्रीका के ऐसे खिलाड़ी हैं, जिनसे काफ़ी कुछ अपेक्षा की जा रही है। वह एकमात्र ऐसे खिलाड़ी हैं, जिन्होंने अपने करियर के पहले पांच मैचों में 50 या उससे अधिक रन बनाए हैं। फ़िलहाल उनका औसत 67.75 का है। साथ ही मिडिल ऑर्डर में उनकी भूमिका काफ़ी महत्वपूर्ण भी है।
सिद्धार्थ मोंगा ESPNcricinfo के सीनियर राइटर हैं
