साइफ़र्ट, मिचेल और सैंटनर ने दिलाई NZ को पहली जीत
न्यूज़ीलैंड 215/7 (साइफ़र्ट 62, कॉन्वे 44, मिचेल 39, अर्शदीप 33 पर दो) ने भारत 165/10 (दुबे 64, सैंटनर 26 पर तीन, डफी 33 पर दो) को 50 रनों से हराया
लगातार तीन हार के बाद आख़िरकार न्यूज़ीलैंड को भारत के ख़िलाफ़ चल रही T20I सीरीज़ में पहली जीत मिल गई है। पहले बल्लेबाज़ी करते हुए न्यूज़ीलैंड ने टिम साइफ़र्ट (62) की शानदार पारी की बदौलत 215/7 का स्कोर खड़ा किया था। एक बल्लेबाज़ कम लेकर खेल रही भारतीय टीम इस लक्ष्य का पीछा करते हुए 18.4 ओवर में केवल 165 के स्कोर पर ही ऑल आउट हो गई और मेहमान टीम ने 50 रन से मैच अपने नाम कर लिया।
पहले बल्लेबाज़ी करते हुए साइफ़र्ट ने न्यूज़ीलैंड को आतिशी शुरुआत दिलाई। पहले ओवर में ही उन्होंने अर्शदीप सिंह को तीन चौके लगाए। उनका आक्रमण यहीं नहीं रुका और जो भी उनके सामने आया उसकी पिटाई हुई। पावरप्ले में न्यूज़ीलैंड ने बिना कोई विकेट गंवाए 71 रन बनाए। भारत के ख़िलाफ़ T20I में यह न्यूज़ीलैंड के लिए पावरप्ले का सबसे बड़ा स्कोर है। इससे पहले उनका सर्वोच्च पावरप्ले स्कोर 68/0 था जो उन्होंने 2020 में ऑकलैंड में बनाया था।
साइफ़र्ट ने केवल 25 गेंदों में अपना पचासा पूरा किया जो न्यूज़ीलैंड के लिए भारत के ख़िलाफ़ सबसे तेज़ T20I अर्धशतक है। उनका साथ दे रहे डेवन कॉन्वे ने भी अपने हाथ खोले और केवल 23 गेंदों में 44 रनों की पारी खेली। इन दोनों ने केवल 8.1 ओवर में ही अपनी टीम के 100 रन पूरा करा दिए थे। हालांकि, इसके बाद न्यूज़ीलैंड ने लगातार अंतराल पर विकेट गंवाए और टीम का स्कोर 15.1 ओवर में 152/5 हो गया था।
डैरिल मिचेल ने केवल 18 गेंदों में नाबाद 39 रनों की एक बेहतरीन पारी खेली जिसमें दो चौके और तीन छक्के शामिल रहे। इस पारी ने न्यूज़ीलैंड को 200 के पार ले जाने में अहम भूमिका निभाई। ग्लेन फ़िलिप्स ने भी 16 गेंदों में 24 रनों का योगदान दिया और अपने 100 T20I छक्के भी पूरे किए। मार्टिन गप्टिल और कॉलिन मुनरो के बाद 100 T20I छक्के लगाने वाले वह न्यूज़ीलैंड के तीसरे बल्लेबाज़ बने हैं।
216 के लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत ने पहली गेंद पर ही अभिषेक शर्मा का विकेट गंवा दिया था। मैट हेनरी को आगे निकलकर बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में वह डीप थर्ड पर कॉन्वे द्वारा शानदार तरीके से लपके गए थे। इसके बाद सूर्यकुमार यादव भी दूसरे ओवर में ही आउट हो गए और इस तरह भारत ने केवल नौ के स्कोर पर ही दो विकेट गंवा दिए थे। रिंकू सिंह को चार नंबर पर खेलने का मौक़ा मिला और उन्होंने इसका अच्छा लाभ भी लिया। उन्होंने संजू सैमसन के साथ तीसरे विकेट के लिए 28 गेंदों में 46 रनों की साझेदारी की। सैमसन अच्छी लय में दिख रहे थे लेकिन 15 गेंदों में 24 रन बनाकर मिचेल सैंटनर की गेंद पर क्लीन बोल्ड हो गए। रिंकू भी 30 गेंदों में 39 रन बनाकर ज़ैक फ़ॉक्स का शिकार बने। केवल 82 के स्कोर पर भारत ने अपने पांच विकेट गंवा दिए थे।
यहां शिवम दुबे ने अदभुत काउंटर अटैक किया और ईश सोढ़ी के एक ओवर में 28 रन कूट दिए। यह किसी भारतीय बल्लेबाज़ द्वारा T20I मैच के एक ओवर में बनाए गए संयुक्त रूप से तीसरे सर्वाधिक रन हैं। दुबे ने केवल 15 गेंदों में अपना पचासा पूरा किया जो भारत के लिए इस फ़ॉर्मेट में तीसरा सबसे तेज़ पचासा भी है। उनके और हर्षित राणा के बीच छठे विकेट के लिए 27 गेंदों में 63 रनों की साझेदारी हुई जिसमें 19 गेंदों में 56 रनों का योगदान दुबे का रहा।
हालांकि, दुबे नॉन स्ट्राइक छोर पर रन आउट हुए जब हर्षित द्वारा मारा गया शॉट गेंदबाज़ हेनरी के हाथ से लगकर स्टंप में जा लगा और दुबे क्रीज़ से बाहर थे। यहां से भारत की सारी उम्मीदें समाप्त हो गईं। दुबे का विकेट 145 के स्कोर पर गिरा और यहां से अगले चार विकेट केवल 20 रन के अंदर गिर गए। सैंटनर ने सर्वाधिक तीन विकेट अपने नाम किए।
नीरज पाण्डेय ESPNcricinfo हिंदी में एसोसिएट सब-एडिटर हैं। @Messikafan