विजय हज़ारे ट्रॉफ़ी: पड़िक्कल, देसाई की मदद से कर्नाटक और सौराष्ट्र सेमीफ़ाइनल में पहुंची
2025-26 विजय हज़ारे ट्रॉफ़ी में सोमवार को कर्नाटक और सौराष्ट्र ने ख़राब रोशनी और बारिश से प्रभावित मैचों में मुंबई और उत्तर प्रदेश को हराकर सेमीफ़ाइनल में जगह बनाई। आइए बेंगलुरु के सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस में खेले गए दोनों मुक़ाबलों पर एक नज़र डालते हैं।
कर्नाटक की जीत में पड़िक्कल और नायर चमके
कर्नाटक 187-1 (पड़िक्कल 81*, नायर 74*) ने मुंबई 254-8 (मुलानी 86, लाड 38, पाटिल 3-42, कावेरप्पा 2-43) को 55 रन से हराया (VJD पद्धति)
देवदत्त पड़िक्कल ने अपने शानदार फ़ॉर्म को जारी रखते हुए 81 रनों की नाबाद पारी खेली और करुण नायर (74*) के साथ मिलकर उन्होंने बढ़िया साझेदारी निभाई जिसकी बदौलत कर्नाटक ने VJD पद्धति से मुंबई को 55 रन से हराया।
मुंबई को 254 पर रोकने के बाद दोनों के बीच दूसरे विकेट के लिए 144 रनों की अविजित साझेदारी हुई। ख़राब रोशनी के कारण जब मैच रुका तो कर्नाटक का स्कोर 33 ओवर में 187-1 था और VJD पद्धति से उनका स्कोर 132-1 होना था और वह मैच में बहुत आगे थे।
मुंबई की टीम में रोहित शर्मा, सूर्यकुमार यादव, शिवम दुबे और श्रेयस अय्यर नहीं थे। इसके अलावा मैच से पहले सरफ़राज़ ख़ान भी नेट्स में चोटिल होकर बाहर हो गए थे और इसका नुकसान मुंबई को हुआ।
मयंक अग्रवाल ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला लिया और विधवत कावेरप्पा एवं अभिलाष शेट्टी ने शुरुआत में परिस्थितियों का भरपूर फ़ायदा उठाया। अंगकृष रघुवंशी को शुरू में जीवनदान मिला था लेकिन वह 50 गेंदों में सिर्फ़ 27 रन बनाकर आउट हो गए। इशान मुलचंदानी ने दो चौके लगाए लेकिन उसके बाद विद्याधर पाटिल की गेंद पर आउट हो गए।
मुशीर ख़ान भी ज्यादा प्रभावित नहीं कर सके और वह भी पाटिल की गेंद सिर्फ़ 9 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। 18वें ओवर में पड़िक्कल ने अपना तीसरा कैच पकड़ा और 60 के स्कोर पर हार्दिक तमोरे भी आउट हो गए। यहां से शम्स मुलानी ने कप्तान सिद्धेश लाड के साथ पांचवें विकेट के लिए 76 रन जोड़े, लेकिन उसके बाद तीन लगातार विकेट गिरने से स्कोर 191-7 हो गया था।
मुलानी ने अपनी 86 रनों की पारी की मदद से टीम को 250 के पार पहुंचाया और इसमें साईराज पाटिल 25 गेंदों में 32 रनों की तेज़ पारी खेलकर उनका बखूबी साथ दिया। आख़िरी 5 ओवरों में मुंबई ने 59 रन बनाए।
कर्नाटक की शुरुआत भी उतनी अच्छी नहीं रही थी और मयंक अग्रवाल सिर्फ़ 12 रन बनाकर आउट हुए। पड़िक्कल को उनकी पारी की शुरुआत में दो जीवनदान मिले और इसका उन्होंने भरपूर फ़ायदा उठाया। पड़िक्कल ने 62 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया और साथ ही टूर्नामेंट में उनके 700 रन भी पूरे हुए। नायर ने 44 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया। इसके बाद मैच ख़राब रोशनी के कारण रुका और फ़िर बारिश के कारण आगे खेल नहीं हो सका।
देसाई, मांकड़ ने दिलाई सौराष्ट्र को जीत
सौराष्ट्र 238-3 (देसाई 100*, मांकड़ 67) ने उत्तर प्रदेश 310-8 (रिज़वी 88*, गोस्वामी 88, साकरिया 3-54, मांकड़ 2-47) को 17 रन से हराया (VJD पद्धति)
दूसरा सेमीफ़ाइनल रोमांचक हुआ और कप्तान हार्विक देसाई के नाबाद 100 एवं प्रेरक मांकड़ के ऑलराउंड प्रदर्शन की बदौलत सौराष्ट्र ने उत्तर प्रदेश को हराया। पहले बल्लेबाज़ी करते हुए उत्तर प्रदेश ने समीर रिज़वी (88*) और अभिषेक गोस्वामी (88) की पारियों की मदद से 310 का स्कोर बनाया।
सौराष्ट्र के ओपनर विश्वराज जाडेजा जल्दी आउट हुए लेकिन उसके बाद देसाई एवं मांकड़ ने दूसरे विकेट के 133 रनों की साझेदारी निभाई। देसाई ने 63 और मांकड़ ने 46 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया था।
मांकड़ के आउट होने के बाद समर गज्जर भी ज़्यादा योगदान नहीं दे सके लेकिन इसके बाद सौराष्ट्र ने बारिश को देखते हुए रन रेट को तेज़ी दी। चिराग जानी और देसाई ने चौथे विकेट के लिए 62 गेंदों में 76 रनों की अविजित साझेदारी निभाई और जब बारिश के कारण मैच रुका तो सौराष्ट्र का स्कोर 238-3 था और वह VJD पद्धति से 17 रन आगे थे। देसाई ने 116 गेंदों में अपना शतक पूरा किया और इसके अलावा जानी की बढ़िया पारी की बदौलत सौराष्ट्र की टीम का रन रेट तेज़ हुआ।
इससे पहले गोस्वामी और रिज़वी ने बढ़िया अर्धशतकीय पारियां खेलकर टीम को 300 के पार पहुंचाया। दोनों बल्लेबाज़ 12-12 रन से अपने शतक से चूक गए। यूपी के कप्तान रिंकू सिंह सिर्फ़ 13 रन ही बना सके। सौराष्ट्र की तरफ़ से चेतन साकरिया ने सबसे ज़्यादा 3 विकेट लिए और उनके अलावा मांकड़ एवं अंकुर पंवर ने 2-2 विकेट लिए।
आशीष पंत ESPNcricinfo में सब एडिटर हैं