नामीबिया में क्रिकेट की विकास यात्रा: कैसे नामीबिया क्रिकेट में पूर्ण सदस्य देशों के क़रीब आ रहा है
2021 में पहली बार क्वालिफ़ाई करने के बाद नामीबिया लगातार चौथी बार T20 विश्व कप खेल रहा है। हालांकि इस दौरान उनके नाम सिर्फ़ एक बड़ी जीत और कुछ अन्य चंद उपलब्धियां दर्ज हैं। 2021 में उन्होंने नीदरलैंड्स और आयरलैंड को हराकर सुपर-12 में प्रवेश कर अगले विश्व कप में अपनी सीधी भागीदारी सुनिश्चित की थी। वहीं 2022 के T20 विश्व कप में श्रीलंका को हराकर उन्होंने एक बड़ा उलटफेर किया था। लेकिन इसके अलावा T20 विश्व कप में उनकी भागीदारी बस हिस्सा लेने और ग्रुप मैचों में खेलने तक ही सीमित रही है।
हालांकि हालिया सालों में घर पर, नामीबिया क्रिकेट में कुछ बड़े बदलाव देखने को मिल रहे हैं। वे उन कुछ एसोसिएट देशों में से एक हैं, जहां अब खिलाड़ियों के पास सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट है। उनके पास अब अपना ख़ुद का एक अंतरराष्ट्रीय स्तर का क्रिकेट ग्राउंड है, जिसके डेब्यू मैच में उन्होंने अपने पड़ोसी देश साउथ अफ़्रीका को हराया। हाल ही में अंडर-19 विश्व कप के कुछ मैचों की मेज़बानी की और अब अगले साल साउथ अफ़्रीका और ज़िम्बाब्वे के साथ मिलकर वनडे विश्व कप की मेज़बानी करने जा रहे हैं।
उनके कुछ क्रिकेटर फ़्रेंचाइज़ी लीग का भी अब हिस्सा बन रहे हैं, जहां दुनिया भर के क्रिकेटरों के साथ खेलकर, वहां से अपना अनुभव लाकर वह फ़ुटबॉल और रग्बी के लिए मशहूर इस देश में क्रिकेट को और लोकप्रिय बनाने की कोशिश कर रहे हैं। इसके अलावा गैरी कर्स्टन और जस्टिन कैंप जैसे नामों को क्रिकेट स्ट्रक्चर का हिस्सा बनाया है, ताकि उनके अंतरराष्ट्रीय अनुभवों का प्रयोग देश में क्रिकेट के विकास के लिए किया जा सके।
दिल्ली में अपने शुरुआती दो मैच खेल रहे नामीबिया के मुख्य कोच क्रेग विलियम्स, अभ्यास सत्र से इतर ESPNcricinfo से बताते हैं, "आप देख सकते हैं कि हमारी जर्सी पर अब कुछ बड़े ब्रॉन्ड्स का स्पॉन्सरशिप है, जिसका मतलब है कि अब नामीबिया क्रिकेट में भी पैसा आ रहा है। अब हम अपने जूनियर क्रिकेट और हाई परफ़ॉर्मेंस प्रोग्राम में पैसा लगा रहे हैं। मुझे लगता है कि अब हर साल यह गैप (नामीबिया और पूर्ण सदस्य देशों में) धीरे-धीरे कम हो रहा है। हमारा बड़ा लक्ष्य है कि हम टेस्ट देशों को प्रतिस्पर्धा देने की कोशिश करें।"
नामीबिया में जूनियर स्तर पर क्रिकेट स्कूल लेवल पर शुरू होता है। अंडर-11 स्तर पर स्कूल में ही ऐसे खिलाड़ियों की पहचान कर ली जाती है और वे हाई परफ़ॉर्मेंस प्रोग्राम का हिस्सा बन जाते हैं। नामीबिया के लिए 18 वनडे और 35 T20I खेल चुके विलियम्स बताते हैं कि 25 लाख के इस छोटे से देश में प्रतिभाओं की पहचान और उनके सपोर्ट के लिए हमारे पास बहुत सारे प्रोग्राम हैं और यह साल दर साल बेहतर ही होता जा रहा है।
स्कूली क्रिकेट में बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों का चयन एज-ग्रुप क्रिकेट में होता है। वे इसके बाद अंडर-13, अंडर-15, अंडर-17 और अंडर-19 क्रिकेट खेलते हैं और वहां बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी ऊपर क्लब स्तर तक जाते हैं। नामीबिया में तीन टियर के लीग हैं, जिसमें हर लीग में आठ या 10 टीमें खेलती हैं। हालांकि टॉप डिविज़न की लीग में सिर्फ़ चार क्लब खेलते हैं, जहां से फिर राष्ट्रीय टीम के लिए चयन होता है। 17-वर्षीय तेज़ गेंदबाज़ मैक्स हिएंगो का राष्ट्रीय टीम में चयन इसी प्रोग्राम के जरिए हुआ, जिन्होंने मंगलवार को नीदरलैंड्स के ख़िलाफ़ अपना डेब्यू विश्व कप मैच खेला। वह इस विश्व कप के सबसे युवा खिलाड़ी हैं।
विलियम्स बताते हैं कि हर क्लब का अपना मैदान है। इसके अलावा नए बने स्टेडियम में एक हाई परफ़ॉर्मेंस सेंटर और दो बड़ी एकेडमी भी स्थापित की गई है, जहां बाहर से भी टीमें आती हैं। हाल ही में वूस्टरशायर की अंडर-19 टीम ने इस परफ़ॉर्मेंस सेंटर का दौरा किया था और नामीबिया की टीमों से मैच खेला था। 2022 में क्रिकेट से संन्यास ले चुके विलियम्स का मानना है कि इस नए स्टेडियम और हाई परफ़ार्मेंस सेंटर से वहां के क्लब क्रिकेट का स्तर, स्ट्रक्चर और मैदानों की हालत भी सुधरेगी।
30-वर्षीय नामीबिया क्रिकेट टीम के कप्तान गेरार्ड इरास्मस टीम के सबसे अनुभवी खिलाड़ियों में से एक हैं और वह ILT20 और कनाडा के ग्लोबल T20 फ़्रैंचाइज़ी लीग में नियमित रूप से खेलते हैं। उन्हें भी अपने देश में बदलती बयार का अंदाज़ा लग चुका है।
वह ESPNcricinfo से बताते हैं, "इन दिनों अब बहुत सारे लोग क्रिकेट को फ़ॉलो करते हैं। मुझे तो लगता है कि हमने रग्बी को पीछे छोड़ दिया है, जो हमाारे देश में एक बड़ा खेल है। हालांकि अभी भी हम फ़ुटबॉल से बहुत पीछे हैं और नंबर के मामले में उनके आस-पास भी नहीं हैं। लेकिन जिस तरह से हम हर दो सालों में वैश्विक स्तर पर खेल रहे हैं, हमारे मैचों का प्रसारण लाइव TV पर होता है, उससे वहां क्रिकेट काफ़ी लोकप्रिय हो रहा है।
"इसके अलावा पिछले साल विंडोक में साउथ अफ़्रीका का खेलना एक बड़ी घटना थी। पूरे टिकट बिक चुके थे, मैच का लाइव प्रसारण हो रहा था, डीजे बज रहा था और स्पॉन्सर्स के होर्डिंग्स से पूरा मैदान पटा था। इससे पूरे मैदान में एक बेहतर माहौल बना और देश में क्रिकेट की ब्रांडिंग हुई। तो मुझे लगता है कि पिछले पांच सालों में क्रिकेट का इस देश में बेहतरीन तरीके से विकास हुआ है।"
नामीबिया क्रिकेट में हालिया समय में जो सबसे बड़ी घटना हुई है, वह है कि खिलाड़ियों को सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट मिला है, जिससे वह भविष्य के प्रति भय को छोड़कर क्रिकेट पर अपना पूरा फ़ोकस कर सकें। अक्सर एसोसिएट देशों के खिलाड़ियों के साथ हम देखते हैं कि वह क्रिकेट के साथ-साथ कोई एक जॉब भी करते हैं, ताकि उनके और उनके परिवार के ख़र्चे चल सके। मंगलवार को नामीबिया की टीम जिस नीदरलैंड्स टीम के साथ खेली, उनके लेग स्पिन ऑलराउंडर साक़िब जुल्फ़िकार बैंक की नौकरी करते हैं और वह छुट्टी लेकर इस विश्व कप का हिस्सा बनने आए हैं।
हालांकि नामीबिया क्रिकेट के साथ अब ऐसा नहीं है। उन्होंने मार्च 2024 में पुरूष टीम के साथ-साथ 10 महिला क्रिकेटरों को भी सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट दिया था, जो ऐसा करने वाली देश की पहली स्पोर्टिंग गवर्निंग बॉडी बनी थी। शायद इसलिए ही है, जब प्री-मैच कॉन्फ़्रेंस में कप्तान इरास्मस से पूछा गया कि वे क्रिकेट के अलावा क्या करते हैं, तो उन्होंने बिना किसी लाग लपेट के एक लाइन में पूरे आत्मविश्वास और गर्व के साथ जवाब दिया- "हम फ़ुलटाइम प्रोफ़ेशनल क्रिकेटर हैं।" इरास्मस के अलावा जेजे स्मिट और रूबेन ट्रंपलमैन भी फ़्रेंचाइज़ी क्रिकेट भी खेलते हैं, जिससे उन्हें आत्मनिर्भर होने में मदद मिलती है।
33 गेंद में शतक बनाकर एक समय सबसे तेज़ T20I शतक का रिकॉर्ड अपने नाम रखने वाले यान निकोल लॉफ़्टी-ईटन ने बताया कि उनके पिता एक किसान हैं और उन्होंने अपने पिता के इस खेती के काम में निवेश किया है और अब अपने क्रिकेट पर ध्यान देते हैं। 24-वर्षीय लॉफ़्टी-ईटन भी नामीबिया की स्कूलिंग क्रिकेट स्ट्रक्चर की देन हैं, जो शुरुआत में हॉकी और गोल्फ़ भी खेला करते थे। उनके किसान पिता भी नामीबिया में अंडर-19 स्तर तक खेले थे।
लॉफ़्टी-ईटन ने भी बताया कि नामीबिया में धीरे-धीरे क्रिकेट राजधानी विंढोक से आगे भी फैल रहा है और तटीय शहरों, जैसे- वाल्विस बे से भी क्रिकेटर राष्ट्रीय टीम में जगह बनाने लगे हैं।
नामीबिया में क्रिकेट के विकास का एक महत्वपूर्ण पहलू पड़ोसी देश साउथ अफ़्रीका से मिलने वाला सहयोग है। विलियम्स ने बताया हाल ही में क्रिकेट नामीबिया का क्रिकेट साउथ अफ़्रीका और ज़िम्बाब्वे क्रिकेट के बीच एक समझौता हुआ है, जिसमें ये दोनों टेस्ट देश, नामीबिया से और नामीबिया में आकर क्रिकेट खेलेंगे और देश में क्रिकेट को बढ़ावा देंगे। इसी के तहत पिछले साल नामीबिया ने ज़िम्बाब्वे का दौरा किया था, इसके बाद साउथ अफ़्रीका की टीम नामीबिया गई थी। ये तीनों देश साथ में मिलकर 2027 वनडे विश्व कप की मेज़बानी भी करने जा रहे हैं।
नामीबिया के कई क्रिकेटरों ने साउथ अफ़्रीका में स्कूलिंग की है और वहां घरेलू क्रिकेट खेला है, जिसमें यान फ़्रायलिंक और ट्रंपलमैन जैसे खिलाड़ी शामिल हैं। इसके पहले डेविड वीज़ा ऐसे खिलाड़ी थे, जिन्होंने इन दोनों देशों के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेला था। ऐसे में साउथ अफ़्रीका नामीबिया क्रिकेट के लिए एक फ़ीडर की तरह है। दोनों देशों के बीच अडर-19 क्रिकेट का एक्सचेंज प्रोग्राम भी है, जिसमें दोनों देशों के एज़-ग्रुप की टीमें एक-दूसरे से काफ़ी क्रिकेट खेलती हैं। इसके अलावा नामीबिया के ड्रेसिंग रूम में पूर्व साउथ अफ़्रीकी ऑलराउंडर जस्टिन कैंप भी सहायक कोच के रूप में मौज़ूद है, जिन्होंने पूर्व साउथ अफ़्रीकी बल्लेबाज़ और विश्व विजेता कोच गैरी कर्स्टन जैसे बड़े नाम को टीम के सलाहकार के रूप में जोड़ने की मदद की है।
विलियम्स ने बताया, "गैरी (कर्स्टन) ना सिर्फ़ हमारे सीनियर पुरूष टीम के सलाहकार हैं, बल्कि हमारे सभी क्रिकेट विकास से संबंधित कार्यक्रमों से जुड़े हुए हैं। केपटाउन से दो घंटे की फ़्लाइट है और वह हमारे वहां महीने में कम से कम दो बार आते हैं। इसके अलावा हम उनसे कभी भी कॉल पर भी जुड़ सकते हैं। वह एक वर्कोहलिक इंसान हैं और वह हमें क्रिकेट से जुड़ी हर चीज़ में सहयोग करते हैं।"
नामीबिया के लिए T20 विश्व कप की शुरुआत अच्छी नहीं रही और वह अपना पहला मुक़ाबला नीदरलैंड्स से आसानी से हार गए। अब उनके सामने भारत की कठिन चुनौती होगी और वह पहले हार को भूलकर इस मुक़ाबले के लिए तैयार होने की कोशिश कर रहे हैं।
नामीबिया टीम का समर्थन करने उनके परिवार के सदस्य और कुछ फ़ैंस भी दिल्ली में उपस्थित हैं। उन्होंने कहा कि वह भारत के ख़िलाफ़ मैच के लिए सबसे ज़्यादा उत्साहित हैं और भले ही उस मैच में अभिषेक शर्मा, सूर्यकुमार यादव और जसप्रीत बुमराह जैसे खिलाड़ी खेलेंगे, लेकिन वह अपनी टीम नामीबिया का समर्थन करेंगे।
दया सागर ESPNcricinfo हिंदी में सब एडिटर हैं।dayasagar95