सबसे उम्रदराज़ टेस्ट क्रिकेटर आइलीन ऐश का 110 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। उनके निधन पर इंग्लिश क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) ने उन्हें श्रद्धांजलि दी है।

ऐश ने 1937 में ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ इंग्लैंड के लिए टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण किया और कुल सात टेस्ट खेले। 1949 में रिटायर होने से पहले उन्होंने 23.00 की औसत से 10 विकेट झटके थे। अपने खेल जीवन के बीच उन्हें ब्रिटेन की खुफिया ऐजेंसी एमआई 16 में दूसरे विश्व युद्ध के दौरान शामिल किया गया था।

अपने अंतिम दिनों में ऐश एक प्रसिद्ध व्यक्तित्व थी। लॉर्ड्स में अक्सर खेल शुरू होने से पहले घंटी बजाई जाती है। 2017 में महिला विश्व कप के फ़ाइनल दौरान लॉर्डस में खेल शुरू होने से पहले उन्होंने ही घंटी बजाई थी। उस मैच में इंग्लैंड महिला टीम ने भारतीय टीम को हराया था। इसके ठीक दो साल बाद एमसीसी ने उनकी एक तस्वीर का अनावरण भी किया था।

ईसीबी के महिला क्रिकेट के प्रबंध निदेशक और एमसीसी के अध्यक्ष क्लेयर कॉनर ने कहा, "हमारा खेल आइलीन जैसी खिलाड़ियों के प्रति काफ़ी ऋणी है। मुझे आज उन्हें अलविदा कहते हुए बहुत दुख हो रहा है।"

उन्होंने कहा, "हीदर नाइट [इंग्लैंड कप्तान] और मैं 2017 आईसीसी महिला विश्व कप से लगभग छह महीने पहले आइलीन से मिलने गए थे। वह उस समय 105 वर्ष की थीं - और यह सबसे उल्लेखनीय अनुभवों में से एक था। आइलीन ने हीदर को योग सिखाया, हमने स्नूकर खेला और चाय पी। उस वक़्त उन्होंने हमें कुछ अद्भुत कहानियों से रूबरू कराया, जिसमें यह भी शामिल है कि कैसे उन्होंने 1949 में सिडनी में एक फ्रांसीसी रेस्तरां में सर डोनाल्ड ब्रैडमैन से अपने बल्ले पर हस्ताक्षर करवाया था। मुझे पता है कि हम में से कोई भी उस दिन को कभी नहीं भूल पाएगा, यह बहुत ख़ास था।"

उन्होंने आगे कहा, "हमारी संवेदनाएं और प्रार्थना आइलीन के परिवार के साथ हैं। वे एक अद्भुत महिला को खोने से काफ़ी दु:खी होंगे।"