मैच (8)
ऑस्ट्रेलिया बनाम वेस्टइंडीज़ (1)
भारत बनाम साउथ अफ़्रीका (1)
एशिया कप (3)
ईरानी ट्रॉफ़ी (1)
लेजेंड्स लीग (1)
वेस्टइंडीज़ बनाम न्यूज़ीलैंड (महिला) (1)
ख़बरें

आईएलटी20 : अंतिम 11 में नौ विदेशी खिलाड़ियों के संभावित नियम से चिंतित हैं पूर्णकालिक सदस्य

आईसीसी ने कहा कि एक टीम में विदेशी खिलाड़ियों की संख्या पर कोई सख़्त नियम नहीं है

नागराज गोलापुड़ी और उस्मान समिउद्दीन
05-Aug-2022
David Warner and Jos Buttler take a knee before the start of the match, Australia vs England, T20 World Cup, Group 1, Dubai, October 30, 2021

कई पूर्ण सदस्य देशों को डर है कि आईएलटी20 के नियम से विश्व क्रिकेट की परिभाषा ख़राब हो सकती है  •  Associated Press

संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में होने वाले अंतर्राष्ट्रीय लीग टी20 (आईएलटी20) प्रतियोगिता में प्रत्येक एकादश में नौ विदेशी खिलाड़ियों के होने की संभावना ने अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के कई पूर्ण सदस्य देशों को हैरान कर दिया है। उन्हें डर है कि इससे विश्व क्रिकेट की परिभाषा ख़राब हो सकती है।
इस विषय को बर्मिंघम में हुई आईसीसी की वार्षिक आम बैठक (एजीएम) में भी उठाया गया। सदस्य देशों की यह चिंता बहुत ही तात्कालिक है क्योंकि इस लीग में हिस्सा लेने वाले खिलाड़ियों के पास एक बड़ी धनराशि कमाने का अवसर है। इस दौरान अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट कार्यक्रम के अलावा साउथ अफ़्रीकी टी20 लीग, बिग बैश लीग और बांग्लादेश की लीग भी खेली जानी है।
लीग को आधिकारिक मंज़ूरी प्रदान करने वाली आईसीसी का कहना है कि इस प्रतियोगिता ने मंज़ूरी हासिल करने के सभी मानदंडों को पूरा किया था और मौजूदा नियमों के भीतर एक टीम में विदेशी खिलाड़ियों की संख्या पर कोई 'सख़्त नियम और प्रतिबंध' नहीं है।
जुलाई के अंतिम सप्ताह में हुई आईसीसी एजीएम के दौरान मुख्य कार्यकारी समिति (सीईसी) की बैठक में यह मुद्दा लंबी चर्चा का विषय बना। पीसीबी द्वारा टी20 लीगों के प्रसार और अंतर्राष्ट्रीय कैलेंडर पर उनके प्रभाव के बारे में लिखे गए एक पत्र से प्रेरित यह मुद्दा एजेंडा का हिस्सा था।
इस विषय ने एक विशिष्ट चर्चा का रूप ले लिया क्योंकि इस लीग में ज़्यादातर विदेशी खिलाड़ियों के समावेशन की बात सामने आई। बैठक में मौजूद कई अधिकारियों ने पुष्टि की कि क्रिकेट साउथ अफ़्रीका, क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया, क्रिकेट वेस्टइंडीज़ और इंग्लैंड और वेल्स क्रिकेट बोर्ड ने साथ मिलकर अपनी चिंताएं व्यक्त की। विशेषकर क्रिकेट वेस्टइंडीज़, जो कई वर्षों से दुनिया भर की लीगों में वेस्टइंडीज़ के खिलाड़ियों की मौजूदगी से काफी प्रभावित है और उनके लिए कई वर्षों से ख़तरे की घंटी बजा रहा है।
एक बोर्ड के सीईओ ने ईएसपीएनक्रिकइंफ़ो को बताया, "[इन बोर्डों का विचार] यह है कि प्रत्येक टीम में होने वाले और हर मैच में खेलने वाले स्थानीय खिलाड़ियों की न्यूनतम संख्या के संबंध में कुछ नियम या दिशानिर्देश होने चाहिए।"
अमीरात क्रिकेट बोर्ड के महासचिव और लीग के संचालक मुबशीर उस्मानी एसोसिएट्स के प्रतिनिधि के तौर पर इस बैठक का हिस्सा थे। उन्होंने विदेशी खिलाड़ियों के प्रश्न का पलटवार करते हुए पूछा कि क्यों अधिकांश लीग में एक या दो की बजाय चार विदेशी खिलाड़ियों को शामिल करने का नियम बनाया गया।
माना जाता है कि उस्मानी ने यह भी सुनिश्चित किया है कि अन्य पूर्ण सदस्य लीगों के विपरीत, आईएलटी20 अपनी फ्रेंचाइज़ियों में संयुक्त अरब अमीरात के सभी केंद्रीय अनुबंधित क्रिकेटरों को खेलने का अवसर देगा। बड़े पैमाने पर विदेशी खिलाड़ियों से सजी इस लीग में स्थानीय खिलाड़ियों के विकास पर ध्यान की कमी के बारे में किए गए सवालों पर उस्मानी ने कहा कि सभी टी20 लीग मुख्य रूप से व्यावसायिक कारणों से बनाई गई हैं। ईएसपीएनक्रिकइंफ़ो ने सच्चाई की पुष्टि करने के लिए उस्मानी से संपर्क किया, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। हालांकि, सीईसी में मौजूद लोगों ने चर्चा की पुष्टि की।
आईएलटी20 लीग अमीरात क्रिकेट बोर्ड की नहीं बल्कि बोर्ड के उपाध्यक्ष ख़ालिद अल ज़ारूनी के निजी स्वामित्व वाली है। बोर्ड ने केवल इस लीग को स्वीकृत किया है। अल ज़ारूनी दुबई की सबसे बड़ी निर्माण कंपनियों में से एक, अल ज़ारूनी ग्रुप ऑफ़ कंपनीज़ के निदेशक भी हैं।
लीग के एक अधिकारी ने ईएसपीएनक्रिकइंफ़ो को बताया कि यह लीग पुरुष और महिला क्रिकेट के विकास कार्यक्रमों के ज़रिए यूएई क्रिकेट में निवेश करेगी। आईपीएल मालिकों के स्वामित्व वाली फ्रेंचाइज़ी के इन कार्यक्रमों और प्रतिभा खोज के लिए आईपीएल कोच लाने की योजना है।
लीग की छह फ्रेंचाइज़ियों में से तीन का स्वामित्व - मुंबई इंडियंस, दिल्ली कैपिटल्स और कोलकाता नाइट राइडर्स के रूप में आईपीएल मालिकों के पास और एक मैनचेस्टर यूनाइटेड के मालिक ग्लेज़र्स के पास है। प्रत्येक टीम में 18 सदस्य होंगे जिसमें अधिकतम 12 विदेशी खिलाड़ी हो सकते हैं। दल में कम से कम तीन यूएई के खिलाड़ी, दो अन्य एसोसिएट देशों के खिलाड़ी और एक अंडर-23 यूएई खिलाड़ी होना चाहिए। प्रत्येक एकादश में कम से कम एक यूएई और एक अन्य एसोसिएट खिलाड़ी के साथ अधिकतम नौ विदेशी खिलाड़ी हो सकते हैं।
लीग, फ़्रैंचाइज़ी टीमों को 4 लाख 50 हज़ार अमेरिकी डॉलर तक की धनराशि खर्च करने की पेशकश कर सकती है जिससे यह आईपीएल के बाद विश्व की दूसरी सबसे आकर्षक टी20 लीग बन जाएगी। पहले एक हाइब्रिड नीलामी और ड्राफ़्ट के माध्यम से टीम बनाने की योजना थी लेकिन फ़्रैंचाइज़ी अब अधिकतम छह विदेशी खिलाड़ियों के साथ डायरेक्ट बातचीत कर उन्हें अपनी टीम में शामिल कर सकती है।
आईसीसी के सीईओ जेफ़ ऐलरडाइस ने ईएसपीएनक्रिकइंफ़ो को बताया कि यूएई की लीग ने सभी आवश्यक नियमों का अनुपालन किया है और सभी मानदंडों को पूरा करती है।