मैच (18)
WI vs SA (1)
ENG v PAK (W) (1)
USA vs BAN (1)
CE Cup (3)
T20I Tri-Series (2)
आईपीएल (1)
County DIV1 (5)
County DIV2 (4)
फ़ीचर्स

रेंटिंग्‍स : कम स्‍कोर के रोमांचक मैच में शेफ़ाली को मिले सबसे अधिक अंक

बल्‍लेबाज़ी विफल होने के बाद भी भारतीय टीम ने दूसरा मैच आठ रनों से जीता

Shafali Verma had Sobhana Mostary stumped, Bangladesh vs India, 1st women's T20I, Dhaka, July 9, 2023

शेफ़ाली ने तीन ओवर करते हुए बेहतरीन गेंदबाज़ी की  •  PTI

भारत और बांग्‍लादेश के बीच खेले गए दूसरे मैच में स्पिनरों का पूरी तरह से दबदबा रहा लेकिन इसमें अव्‍वल भारतीय स्पिनर रहे और भारतीय टीम कम स्‍कोर के इस मैच को आठ रन से जीतने में क़ामयाब रही। ख़राब बल्‍लेबाज़ी के कारण भारतीय टीम 95 रन ही बना सकी लेकिन इसके बाद भारतीय स्पिनरों ने कमाल का प्रदर्शन करते हुए बांग्‍लादेश की टीम को 87 रनों पर ऑलआउट कर दिया। यह केवल तीसरी बार है जब भारत ने 100 से नीचे का स्‍कोर करके मैच जीता है।

क्या सही क्या ग़लत

भारतीय टीम के लिए इस मैच में सही बात यह रही कि स्पिनरों की मुफ़ीद इस पिच पर उनके पास स्पिनरों के बेहतरीन विकल्‍प मौजूद थे। इसका अंदाज़ा इसी से लगाया जा सकता है कि एकमात्र तेज़ गेंदबाज़ पूजा वस्‍त्रकर ने पूरे मैच में एक ही ओवर डाला। जबकि शेफ़ाली वर्मा और जेमिमाह रॉड्रिग्‍स चार-चार ओवर कर गई।
अगर इस मैच में ग़लत की बात की जाए तो इस मैच में भारतीय टीम की बल्‍लेबाज़ी बेहद ही लचर नज़र आई। अच्‍छी शुरुआत के बावजूद जल्‍दबाज़ी में ग़लत शॉट खेलकर भारतीय बल्‍लेबाज़ों ने अपने विकेट गंवाए। इसके बाद क्षेत्ररक्षण का भी बुरा हाल रहा। लांग ऑन पर हरलीन देओल ने एक आसान सा कैच छोड़ा तो वहीं, दीप्ति शर्मा से एक रन आउट का मौक़ा छूटा तो स्‍टंपिंग में यास्तिका भाटिया ने भी देरी की जिससे बल्‍लेबाज़ आउट होने से बच गई।

प्लेयर रेटिंग्स (1 से 10, 10 सर्वाधिक)

शेफ़ाली वर्मा, 10 : शेफ़ाली ने भारतीय टीम को अच्‍छी शुरुआत दिलाई और लगातार तीन गेंद पर चौके लगाने के बाद बांग्‍लादेश के गेंदबाज़ों पर दबाव बनाना शुरू कर दिया, लेकिन वह एक ग़लत शॉट ग़लत समय पर लगाकर मिडऑफ़ पर आउट हो गई। हालांकि गेंदबाज़ी में तीन ओवर में शेफ़ाली ने कमाल कर दिया और आख़‍िरी ओवर में एक रन आउट, तीन विकेट लेकर भारत को रोमांचक मैच में जीत दिला दी। यह वह ओवर था जब बांग्‍लादेश को छह गेंद में 10 रन की ज़रूरत थी।
स्मृति मांधना, 6 : स्मृति ने आज स्विंग के आगे थोड़ा जूझती नज़र आई और उन्‍होंने शुरुआत में शेफ़ाली को ही स्‍ट्राइक देना सही समझा लेकिन जल्‍दी ही उन पर दबाव बनने लगा और स्‍टंप्‍स की गेंद पर स्‍लॉग स्‍वीप लगाने की ग़लती कर बैठी, वह पूरी तरह से मिस कर गई और गेंद स्‍टंप्‍स ले उड़ी।
जेमिमाह रॉड्रिग्स, 6 : जेमिमाह की बात करें तो उन्‍होंने इस मैच में भारत की ओर से संयुक्‍त रूप से सबसे अधिक 21 गेंद खेली, लेकिन वह टीम को उबार नहीं सकी। वह लगातार डॉट बॉल खेल रही थी और उनकी, हरलीन की साझेदारी ने भारतीय टीम को दबाव में ला दिया। दोनों ने मिलकर 28 गेंद में मात्र 10 रनों की साझेदारी की।
हरमनप्रीत कौर 6 : हरमनप्रीत कौर ने कभी नहीं सोचा होगा कि पिछले मैच में अर्धशतक लगाने के बाद वह इस मैच में इस तरह से आउट होंगी। वह पहली ही गेंद पर बोल्‍ड हो गई। यह एक ऐसी गेंद थी जो तेज़ी से अंदर की ओर आई। जब तक वह कुछ समझ पाती गेंद उनका स्‍टंप्‍स ले उड़ी। हालांकि दीप्ति की गेंद पर ओपनर साथी रानी का कैच हरमनप्रीत को छह अंक दिला गया। उन्‍होंने स्लिप में एक हाथ से बेहतरीन कैच लपका जो बेहद ही मुश्किल था।
यास्तिका भाटिया, 6 : यास्तिका ने क्षेत्ररक्षण में दो स्‍टंपिंग जरूर किए लेकिन उन्‍होंने कई बाय के रन भी दिए जो भारत की मुश्किल बढ़ा गया था। बल्‍लेबाज़ी में भी उन्‍होंने दबाव भरे समय में ख़राब शॉट खेला, हालांकि उनका लिया गया कैच महिला क्रिकेट के बेहतरीन कैचों में से एक था।
हरलीन देओल, 4 : हरलीन देओल की बल्‍लेबाज़ी बेहद फ़ीकी रही, क्‍योंकि जेमिमाह के साथ उन्‍होंने साझेदारी में भारत को दबाव में ला दिया। इसी दबाव का नतीज़ा था कि वह बड़ा शॉट खेलने पर मजबूर हुई और अपना विकेट गंवा बैठीं। वहीं क्षेत्ररक्षण में भी उन्‍होंने लांग ऑन पर एक आसान सा कैच टपकाया।
दीप्ति शर्मा, 8 : दीप्ति अपनी गेंदबाज़ी के लिए जानी जाती हैं और इस बार भी कम स्‍कोर के मैच में अगर भारतीय टीम ने वापसी की तो उसमें दीप्ति का भी बड़ा योगदान रहा। बल्‍लेबाज़ी में जरूर वह अंत में बड़े शॉट लगाने में जूझ रही थी लेकिन गेंदबाज़ी में शुरुआत में दबाव बनाने के बाद उन्‍होंने 19वां ओवर किया जब 12 गेंद में 14 रन चाहिए थे। इस ओवर में उन्‍होंने केवल चार रन दिए और एक अहम विकेट कप्‍तान निगार सुल्‍ताना का निकाला।
पूजा वस्त्रकर, 4 : पूजा के लिए आज के मैच में कुछ ख़ास नहीं रहा। वह तीन गेंद में सात रन बनाकर नाबाद रही तो उसके बाद उन्‍हें गेंदबाज़ी में भी केवल एक ही ओवर करने को मिला।
अमनजोत कौर, 7 : भारतीय पारी 95 से भी कम रनों पर सिमट सकती थी लेकिन अमनजोत कौर ने ऐसा होने नहीं दिया। भले ही उन्‍होंने 17 गेंद में 14 रन बनाए लेकिन उनकी पारी भारत के नज़रिए से बेहद ही अहम थी। उन्‍होंने एक छोर संभाले रखा और दीप्ति का अच्‍छे से साथ निभाया।
मिन्नू मणि, 9 : मिन्‍नू मणि को इस मैच की स्‍टार कहा जा सकता है। चार ओवर में एक मेडन समेत केवल नौ रन देते हुए दो विकेट उनके प्रदर्शन की साफ़ गवाही दे रहे हैं। उन्‍होंने लगातार विकेट टू विकेट गेंदबाज़ी करके बांग्‍लादेश के बल्‍लेबाज़ों को खुलकर शॉट नहीं लगाने दिए। वह क्रीज़ का बेहद ही अच्‍छे तरीक़े से प्रयोग करती दिखी।
बारेड्डी अनुषा, 7 : अनुषा को अपने दूसरे अंतर्राष्‍ट्रीय मैच में उनका पहला विकेट आख़‍िरकार मिल गया। उन्‍होंने ओवर द विकेट आकर मुर्शिदा ख़ान को स्‍वीप के लिए ललचाया और पूरी तरह से फ्लाइट में बीट करके अपना पहला विकेट निकाला।

निखिल शर्मा ESPNcricinfo हिंदी में सीनियर सब एडिटर हैं। @nikss26