ख़बरें

बीमार होने के बावजूद ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ मैदान पर उतरे सूर्यकुमार

"मैंने अपने फ़िजियो और डॉक्टर से कहा, 'अगर यह विश्व कप फ़ाइनल होता, तो मैं क्या करता?"

रविवार को हैदराबाद में ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ खेले जाने वाले निर्णायक टी20 मैच के दिन की सुबह सूर्यकुमार यादव बीमार थे। उन्हें पेट में दर्द और बुख़ार की शिक़ायत थी लेकिन उसके बावजूद भी सूर्यकुमार उस मैच में शामिल हुए।
"मैं सिर्फ़ यह कहकर बाहर नहीं बैठूंगा कि 'मैं आज बीमार हूं' तो कुछ भी कीजिए, मुझे जो भी गोलियां या इंजेक्शन चाहिए, वो दीजिए लेकिन मुझे शाम तक मैच के लिए तैयार कर दीजिए। एक बार जब आप मैच में जाते हैं और भारत की जर्सी पहन लेते हैं तो भावनाएं बिल्कुल अलग होती हैं।"
इसके बाद सूर्यकुमार ने उस मैच में हिस्सा भी लिया और अपने टीम के लिए एक धाकड़ पारी भी खेली। सिर्फ़ 36 गेंदों में 69 रनों की पारी के कारण भारत, ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ निर्णायक मैच जीतने में सफल रहा।
अपनी पारी के दौरान सूर्यकुमार ने पांच चौके और पांच सिक्सर लगाए। अपनी इस पारी के बाद वह 2022 में टी20आई में सबसे ज़्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी बन गए। उनसे पहले 2022 में सबसे अधिक रन मोहम्मद रिज़वान ने बनाया था।
उन्होंने इस साल अब तक 20 पारियों में 182.84 के स्ट्राइक रेट से 682 रन बनाए हैं। इस दौरान उन्होंने कुल चार अर्धशतक और एक शतक भी बनाया है। उनके प्रभावशाली प्रदर्शन ने उन्हें आईसीसी रैंकिंग में तीसरे स्थान पर पहुंचा दिया है।
सफलता का मंत्र पूछे जाने पर सूर्यकुमार ने कहा, "मैं उसी तरह अभ्यास करता हूं जैसे मैं मैच में बल्लेबाज़ी करना चाहता हूं। मैं सिर्फ़ एक चीज़ में विश्वास करता हूं: जाओ और मैदान पर खु़द को व्यक्त करो। अगर मैं अच्छी बल्लेबाज़ी कर रहा हूं तो मैं उसे जारी रखने की पूरी कोशिश करता हूं। साथ ही मेरा यह भी प्रयास रहता है कि मैच को फ़िनिश किया जाए।"
रविवार को सूर्यकुमार ने भले ही मैच को फ़िनिश नहीं किया लेकिन अपने आतिशी पारी से उन्होंने मैच को लगभग भारत की झोली में डाल दिया था। प्रेस कॉन्फ़्रेंस में भारत के कप्तान रोहित शर्मा ने सूर्या की काफ़ी तारीफ़ की थी। रोहित ने कहा, "जब सूर्या की बात आती है तो हम सभी जानते हैं कि उनके पास क्या गुण हैं। वह पूरे मैदान में शॉट खेल सकता है और यही उसे ख़ास बनाता है।"
रोहित ने आगे कहा, "मैं जब भी उसे देखता हूं तब मुझे लगता है कि वह अपने खेल के स्तर को हमेशा ऊपर लेकर जाते हैं जो एक खिलाड़ी के रूप में एक अच्छा संकेत है। जब भी आप देखते हैं कि आप अपने कौशल का स्तर बढ़ा सकते हैं जो टीम आपसे उम्मीद करती है, यह हमेशा एक अच्छा संकेत है।"