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आईपीएल 2021 : दिल्ली कैपिटल्स, सीएसके, आरसीबी और मुंबई इंडियंस को दूसरे चरण में क्या अलग करना होगा?

लीग के पहले चरण में अंक तालिका की टॉप चार टीमों के फ़ॉर्म और आने वाली चुनौतियों पर एक नज़र

क्या दिल्ली कैपिटल्स अपना पहला आईपीएल ख़िताब जीत पाएंगे?  •  BCCI

क्या दिल्ली कैपिटल्स अपना पहला आईपीएल ख़िताब जीत पाएंगे?  •  BCCI

इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2021 के दूसरे चरण का आग़ाज़ इस टूर्नामेंट की सबसे सफल दो टीमों - मुंबई इंडियंस और चेन्नई सुपर किंग्स - के बीच महामुक़ाबले से होगा। टीमों के बायो-बबल में कोरोना के मामले सामने आने के कारण मई में टूर्नामेंट के अनिश्चितकाल के लिए सथगित होने के बाद से काफ़ी कुछ बदल गया है। चोट, थकान और निजी कारणों की वजह से कई खिलाड़ियों ने अपने नाम वापस ले लिए हैं। न सिर्फ़ टीमों में कुछ नए चेहरे होंगे बल्कि बचे हुए 31 मैच एक नए देश और तीन नए मैदानों - दुबई, अबू धाबी और शारजाह में खेले जाएंगे। लीग का पहला चरण भारत में खेला गया था।
आईपीएल 2021 का दूसरा चरण केवल फ़्रेंचाइच़ियों के लिए नहीं बल्कि खिलाड़ियों और उनकी राष्ट्रीय टीमों के लिए बहुत मायने रखता है क्योंकि इस टूर्नामेंट के तुरंत बाद संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और ओमान में पुरुषों का टी20 विश्व कप खेला जाना है। ईएसपीएनक्रिकइंफ़ो ने सभी आठ टीमों की ताक़त के अलावा उन पक्षों पर नज़र डाली जिन पर उन्हें काम करने की ज़रूरत है।

दिल्ली कैपिटल्स

अंक तालिका में पहला स्थान
मैच: 8, जीत: 6, हार:2, प्वाइंट: 12
पहले चरण के बाद दल में बदलाव
अंदर: श्रेयस अय्यर, बेन ड्वारश्विस
बाहर: अनिरुद्ध जोशी, क्रिस वोक्स
मज़बूत पक्ष
पहले चरण में एक शानदार शुरुआत ने लगातार तीसरे सीज़न में दिल्ली कैपिटल्स की प्लेऑफ़ में जाने की राह को आसान कर दिया है। दो मैचों में जीत प्लेऑफ़ में उनकी जगह पक्की कर सकती है। कंधे की चोट के कारण बाहर रहे अपने कप्तान श्रेयस अय्यर (जो अब उस चोट से उबर चुके हैं) की ग़ैर मौजूदगी में, पृथ्वी शॉ और शिखर धवन की सलामी जोड़ी ने 9.25 के रन रेट से 512 रन जोड़कर बल्लेबाज़ी का भार संभाला। कई मौक़ों पर कैपिटल्स ने पावरप्ले में ही मैच को अपनी तरफ़ मोड़ दिया था। उन्होंने चेन्नई, मुंबई और अहमदाबाद में जीत दर्ज कर यह दिखाया कि वह अलग-अलग परिस्थितियों में मैच जीतने में सक्षम हैं। पहले चरण में उनके पास सबसे बढ़िया स्पिन गेंदबाज़ी आक्रमण था।
यूएई में 2020 की उनकी रणनीति
पिछले साल उनकी गेंदबाज़ी उनका सबसे बड़ा हथियार थी। अनरिख़ नॉर्खिये और कगिसो रबाडा ने तेज़ गेंदबाज़ी का भार संभाला जबकि आर अश्विन और अक्षर पटेल की स्पिन जोड़ी ने विपक्षी बल्लेबाज़ों को बांधे रखा।
इस बार की चुनौतियां
जहां एक तरफ़ पहले चरण में आवेश ख़ान मैच विनर बनकर उभरे वहीं बाक़ी सभी तेज़ गेंदबाज़ों ने निराश किया। उन्होंने 11.17 की इकॉनमी से केवल नौ विकेट झटके जो पूरे टूर्नामेंट में दूसरा सबसे ख़राब प्रदर्शन है। आवेश के फ़ॉर्म के कारण कैपिटल्स नॉर्खिये को बाहर रखने के बारे में सोच सकते थे लेकिन यूएई में उनके टीम में वापस आने की पूरी उम्मीद है। चिंता का विषय यह भी होगा कि टीम मध्य क्रम में अय्यर की वापसी के बाद शुरुआती एकादश में स्टीवन स्मिथ और शिमरॉन हेटमायर में से किसे टीम में जगह मिलती है। पिछले साल यूएई में शॉ और ऋषभ पंत ने संघर्ष किया था। इस साल उनका प्रदर्शन यह तय करेगा कि क्या दिल्ली अपना पहला आईपीएल ख़िताब जीत पाएगी।
संभावित प्लेइंग XI: 1 पृथ्वी शॉ, 2 शिखर धवन, 3 स्टीवन स्मिथ/शिमरॉन हेटमायर, 4 श्रेयस अय्यर, 5 ऋषभ पंत (कप्तान, विकेटकीपर), 6 मार्कस स्टॉयनिस, 7 अक्षर पटेल, 8 रविचंद्रन अश्विन, 9 कगिसो रबाडा, 10 अनरिख़ नॉर्खिये, 11 आवेश ख़ान

चेन्नई सुपर किंग्स

अंक तालिका में दूसरा स्थान
मैच: 7, जीत: 5, हार:2, प्वाइंट: 10
पहले चरण के बाद दल में बदलाव
अंदर: जॉश हेज़लवुड
बाहर: जेसन बेहरनडॉर्फ़
मज़बूत पक्ष
अगर दिल्ली में कायरन पोलार्ड वह आतिशी पारी नहीं खेलते तो चेन्नई सुपर किंग्स इस समय सात मैचों में छह जीत के साथ अंक तालिका के शीर्ष स्थान पर विराजमान होते। 2020 में प्लेऑफ़ में जगह बनाने की रेस से काफ़ी पीछे छूट जाने के बाद महेंद्र सिंह धोनी की टीम ने आक्रामक बल्लेबाज़ी करते हुए सभी को चौंकाया। अपनी बल्लेबाज़ी की गहराई के कारण सुपर किंग्स ने बीच के ओवरों में 9.47 के रन रेट से बल्लेबाज़ी की। इसका बड़ा श्रेय जाता है ऋतुराज गायकवाड़ और फ़ाफ़ डुप्लेसी की सलामी जोड़ी को जिन्होंने एक मज़बूत नींव रखी जिससे मोईन अली और रवींद्र जाडेजा के लिए बड़ा स्कोर खड़ा करना आसान हो गया। गेंदबाज़ी में दीपक चाहर और स्पिनर्स किफ़ायती साबित हुए थे।
यूएई में 2020 की उनकी रणनीति
पिछले साल यूएई चेन्नई की टीम को रास नहीं आया था। चोट, अनुपलब्धता और प्रैक्टिस के अभाव के कारण टीम ने फ़ॉर्म में आने में बहुत देर कर दी थी। हालांकि इस बार वह एक महीने से अभ्यास कर रहे हैं और पहले चरण में कारगर साबित हुई रणनीतियों को बरक़रार रखना चाहेंगे।
इस बार की चुनौतियां
अपने तेज़ गेंदबाज़ - लुंगी एनगिडी, जॉश हेज़लवुड, शार्दुल ठाकुर और ड्वेन ब्रावो का फ़ॉर्म सुपर किंग्स की अच्छी शुरुआत को लंबे समय तक बरक़रार रखने में अहम होगा। दबाव सुरेश रैना पर भी होगा जो छह पारियों में एक अर्धशतक के साथ केवल 123 रन ही बना पाए हैं। अगर रैना मध्यक्रम में कुछ आतिशी पारियां खेलते हैं तो इससे फ़िनिशरों पर दबाव कम हो जाएगा।
संभावित प्लेइंग XI: 1 ऋतुराज गायकवाड़, 2 फ़ाफ़ डुप्लेसी, 3 मोईन अली, 4 सुरेश रैना, 5 अंबाती रायुडू, 6 एमएस धोनी (कप्तान, विकेटकीपर), 7 रवींद्र जाडेजा, 8 सैम करन, 9 शार्दुल ठाकुर, 10 दीपक चाहर, 11 ड्वेन ब्रावो/जॉश हेज़लवुड/इमरान ताहिर

रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु

अंक तालिका में तीसरा स्थान
मैच: 7, जीत: 5, हार:2, प्वाइंट: 10
पहले चरण के बाद दल में बदलाव
अंदर: टिम डेविड, वनिंदु हसरंगा, दुश्मांता चमीरा, जॉर्ज गार्टन, आकाश दीप
बाहर: ऐडम ज़ैम्पा, फ़िन ऐलेन, डेनियल सैम्स, केन रिचर्ड्सन, वॉशिंगटन सुंदर
मज़बूत पक्ष
हर्षल पटेल, ग्लेन मैक्सवेल और देवदत्त पड़िक्कल के प्रदर्शन ने दिखाया कि रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु अब केवल विराट कोहली और एबी डीविलियर्स पर निर्भर करने वाली टीम नहीं है। इस टीम ने कुछ प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को रिप्लेसमेंट के रूप में अपनी टीम में शामिल किया है जो महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
यूएई में 2020 की उनकी रणनीति
पिछले सीज़न में युज़वेंद्र चहल और क्रिस मॉरिस ने कई मौक़ों पर टीम को मुश्किल स्थिति से बाहर निकाला था। इस बार भी गेंदबाज़ी का दारोमदार चहल के कंधों पर होगा। भले ही वह टी20 विश्व कप के लिए भारतीय दल में जगह नहीं बना पाए हो, वह आज भी आरसीबी के मुख्य स्पिनर हैं।
इस बार की चुनौतियां
क्या रॉयल चैलेंजर्स पिछले साल की तरह इस साल भी प्लेऑफ़ में जगह बना सकते हैं? अगर वह उंगली की चोट के कारण दूसरे चरण से बाहर हो चुके वॉशिंगटन सुंदर की ग़ैर मौजूदगी में एक सही एकादश का चुनाव कर पाते हैं तो शायद ऐसा हो सकता है। सुंदर के रिप्लेसमेंट के तौर पर उन्हें एक विदेशी खिलाड़ी को टीम में लाना होगा। साथ ही अगर हर्षल के कटर यूएई की पिचों पर कारगर नहीं साबित होते हैं तो टीम को अपनी लय बरक़रार रखने के लिए एक सटीक गेंदबाज़ी आक्रमण को मैदान पर उतारना होगा।
संभावित प्लेइंग XI: 1 देवदत्त पड़िक्कल, 2 विराट कोहली (कप्तान), 3 रजत पाटीदार, 4 ग्लेन मैक्सवेल, 5 एबी डीविलियर्स (विकेटकीपर), 6 शाहबाज़ अहमद, 7 काइल जेमीसन, 8 वनिंदु हसरंगा, 9 हर्षल पटेल, 10 मोहम्मद सिराज, 11 युज़वेंद्र चहल

मुंबई इंडियंस

अंक तालिका में चौथा स्थान
मैच: 7, जीत: 4, हार:3, प्वाइंट: 8
पहले चरण के बाद दल में बदलाव
कोई बदलाव नहीं
मज़बूत पक्ष
पिछले साल यूएई में आईपीएल का ख़िताब अपने नाम करने के बाद गत चैंपियन मुंबई इंडियंस उन मैदानों पर वापस आकर काफ़ी ख़ुश होंगे। ख़ासकर पहले चरण में चेन्नई में मिली मुश्किल शुरुआत के बाद जहां पावरप्ले के बाद रन बनाने के लिए बल्लेबाज़ों को संघर्ष करना पड़ा था। दिल्ली पहुंचते हुए बल्लेबाज़ों ने अपनी लय पकड़ी और कायरन पोलार्ड ने चेन्नई की गेंदबाज़ी को धराशाई कर दिया।
यूएई में 2020 की उनकी रणनीति
जब मुंबई ने 2020 में ख़िताब जीता था तब उनके पास एक साफ़ रणनीति थी। बल्लेबाज़ी पूरी पारी के दौरान आक्रामक अंदाज़ से खेल रहे थे और पारी को समाप्त करने की ज़िम्मेदारी पोलार्ड और हार्दिक पंड्या के कंधों पर थी। हालांकि जो भूमिका जेम्स पैटिंसन ने गेंद के साथ निभाई थी वह इस बार नेथन कुल्टर-नाइल अथवा ऐडम मिल्न को निभानी होगी। दुबई और अबू धाबी की मददगार पिचों पर ट्रेंट बोल्ट और जसप्रीत बुमराह के साथ-साथ तीसरे तेज़ गेंदबाज़ का महत्व बढ़ जाता है।
इस बार की चुनौतियां
इशान किशन और हार्दिक का फ़ॉर्म मुंबई के लिए चिंता का विषय रहेगा। सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या हार्दिक गेंदबाज़ी करेंगे? पहले चरण में उन्होंने गेंदबाज़ी नहीं की थी लेकिन भारत के मुख्य चयनकर्ता चेतन शर्मा ने बताया था कि हार्दिक विश्व कप में पूरे चार ओवर फेंकने के लिए सक्षम हैं। अगर वह मुंबई के लिए भी गेंदबाज़ी करते हैं तो टीम को अपने चौथे विदेशी खिलाड़ी के चयन करने में बहुत फ़ायदा पहुंचेगा।
संभावित प्लेइंग XI: 1 क्विंटन डिकॉक, 2 रोहित शर्मा (कप्तान), 3 सूर्यकुमार यादव, 4 इशान किशन (विकेटकीपर), 5 कायरन पोलार्ड, 6 क्रुणाल पंड्या, 7 हार्दिक पंड्या, 8 ऐडम मिल्न/नेथन कुल्टर-नाइल, 9 ट्रेंट बोल्ट, 10 जसप्रीत बुमराह, 11 राहुल चाहर

गौरव सुंदरारमन ESPNcricinfo में सीनियर स्टैट्स एनालिस्ट हैं। अनुवाद ESPNcricinfo हिंदी के सब एडिटर अफ़्ज़ल जिवानी ने किया है।