राहुल द्रविड़ ने मंगलवार को औपचारिक रूप से भारतीय टीम के मुख्य कोच के पद के लिए आवेदन किया है, जिन्हें इस भूमिका के लिए पसंदीदा माना जा रहा है। द्रविड़ के अलावा, पूर्व तेज़ गेंदबाज़ पारस म्हांब्रे और पूर्व विकेटकीपर अजय रात्रा ने क्रमशः भारत के गेंदबाज़ी और क्षेत्ररक्षण कोच के पदों के लिए आवेदन किया है। क्योंकि भरत अरुण और आर श्रीधर भी टी20 विश्व कप 2021 के बाद अपना पद छोड़ने के लिए तैयार हैं। इससे पहले, अभय शर्मा भी फ़ील्डिंग कोच की भूमिका के लिए आवेदन कर चुके हैं, जो द्रविड़ के साथ एनसीए और इंडिया ए और भारतीय महिला टीम के साथ काम कर चुके हैं।

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के वरिष्ठ अधिकारी ने मंगलवार को पीटीआई को बताया, "हां, द्रविड़ ने औपचारिक रूप से आवेदन किया है क्योंकि यह समय सीमा का आख़िरी दिन था। एनसीए में उनकी टीम के साथ रहे गेंदबाजी कोच म्हांब्रे और क्षेत्ररक्षण कोच अभय पहले ही आवेदन कर चुके हैं। द्रविड़ का आवेदन सिर्फ़ एक औपचारिकता थी।"

द्रविड़ ने हाल ही में कोलकाता नाइट राइडर्स और चेन्नई सुपर किंग्स के बीच आईपीएल फ़ाइनल के दौरान दुबई में बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली और सचिव जय शाह से मुलाक़ात की थी। समझा जाता है कि टी20 विश्व कप 2021 में भारत के अभियान के अंत में रवि शास्त्री के पद छोड़ने के बाद गांगुली और शाह ने उनसे पद संभालने के बारे में बात की थी।

द्रविड़ के न्यूज़ीलैंड के ख़िलाफ़ भारत की 17 नवंबर से शुरू होने वाली टी20 सीरीज़ के साथ एक नए कप्तान के नेतृत्व में कार्यभार संभालने की उम्मीद है, जिसमें विराट कोहली पद छोड़ देंगे। पूरी संभावना है कि उपकप्तान रोहित शर्मा कोहली की जगह लेंगे।

द्रविड़ के कोच के रूप में चयन का मतलब यह भी होगा कि बीसीसीआई को बेंगलुरु में राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी के लिए एक नया प्रमुख नियुक्त करना होगा। मंगलवार को आवेदन करने वाले रात्रा ने पीटीआई से कहा, "अगर मौक़ा दिया जाए तो टीम इंडिया की सफलता में योगदान दे सकूं तो बहुत अच्छा होगा।" म्हांब्रे और रात्रा दोनों बेंगलुरु में राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी में भारतीय क्रिकेट के अगले दौर के युवाओं से जुड़े रहे हैं।

49 वर्षीय म्हांब्रे ने 1996 और 1998 के बीच भारत के लिए दो टेस्ट और तीन वनडे मैच खेले। उन्होंने घरेलू क्रिकेट में मुंबई टीम का शानदार प्रतिनिधित्व किया और 91 प्रथम श्रेणी मैचों में 284 विकेट लिए। उन्होंने 83 लिस्ट ए मैचों में 111 विकेट भी लिए। उन्हें कोच के रूप में भी सफलता मिली है, उन्होंने बंगाल को 2005-06 और 2006-07 में लगातार रणजी ट्रॉफ़ी फ़ाइनल में पहुंचाया और बड़ौदा को कोचिंग भी दी।

39 वर्षीय रात्रा ने 2002 में भारत के लिए छह टेस्ट और 12 वनडे मैच खेले। उन्होंने घरेलू क्रिकेट में हरियाणा का प्रतिनिधित्व करते हुए 99 प्रथम श्रेणी मैच और 89 लिस्ट ए मैच खेले। रात्रा इस समय असम के मुख्य कोच हैं। उन्होंने आईपीएल में हाल ही में दिल्ली कैपिटल्स के साथ काम किया और साथी एनसीए में भी नियमित रूप से रहे हैं, जहां उन्होंने भारत के कीपर रिद्धिमान साहा और ऋषभ पंत के साथ काम किया है।