अगले कुछ हफ़्तों में केएल राहुल टीम इंडिया के मेंटॉर महेंद्र सिंह धोनी की हर सलाह का उपयोग करना चाहते हैं। भारतीय सलामी बल्लेबाज़ के अनुसार धोनी हमेशा ड्रेसिंग रूम में शांति की भावना लाते हैं।

राहुल रविवार को पाकिस्तान के ख़िलाफ़ टी20 विश्व कप 2021 के अपने पहले मैच में रोहित शर्मा के साथ ओपनिंग करने के लिए ख़ुद को तैयार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस कठिन यात्रा में धोनी से बेहतर मेंटॉर कोई नहीं हो सकता था। रेड बुल कैंपस क्रिकेट की दसवीं सालगिरह पर एक क्लबहाउस सेशन के दौरान राहुल ने कहा, "ज़ाहिर है, एमएस धोनी का टीम के साथ जुड़ना आश्चर्य की बात है क्योंकि हम उनके अधीन खेले हैं और हमने उन्हें हमेशा एक मेंटॉर के रूप में देखा है।"

धोनी को अक्सर प्रशंसकों द्वारा एक भावना के रूप में वर्णित किया गया है, ऐसी भावना जो सभी क्रिकेटप्रेमियों को और भारतीय ड्रेसिंग रूम को बांधती है।

राहुल ने इस विचार का समर्थन किया और कहा, "जब वह कप्तान थे, तब हम ड्रेसिंग रूम में उनके साथ रहना पसंद करते थे। हमें वह शांति पसंद थी। उन्होंने हम सभी को बहुत कुछ सिखाया है इसलिए उनका यहां होना अद्भुत है। यह हमें शांति की भावना देता है। मैंने पहले दो-तीन दिनों में उनके साथ समय बिताने का आनंद लिया है और वह बहुत मज़ेदार रहा। मैं क्रिकेट, कप्तानी और क्रिकेट के सभी पहलूओं के बारे में उनसे सीखने के लिए उत्सुक हूं।"

धोनी ने हाल ही में चेन्नई सुपर किंग्स को चौथा इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) ख़िताब दिलाया और संभावना है कि वह अगले सीज़न में सुपर किंग्स के घरेलू फ़ैंस के सामने चेपॉक में खेलते नज़र आएंगे। राहुल ने कहा, "हम में से किसी को नहीं पता कि क्या आईपीएल 2021 का फ़ाइनल उनका आख़िरी मैच था।"

राहुल को लगता है कि पूर्व कप्तान धोनी आज भी लंबे छक्के लगाने के मामले में कई युवा खिलाड़ियों को पीछे छोड़ सकते हैं। उन्होंने कहा, "मुझे लगता है धोनी हम में से किसी को भी कड़ी टक्कर दे सकते हैं क्योंकि वह ऐसे खिलाड़ी है जो गेंद को बहुत दूर मारते है। साथ ही वह फ़िट है और विकेटों के बीच तेज़ दौड़ते हैं।"

राहुल आईपीएल के पिछले चार संस्करणों में 659, 593, 670 और 626 रन बनाकर भारत के लिए टी20 मैचों में लगातार अच्छा प्रदर्शन करने वालों में से एक रहे हैं। साथ ही आईपीएल के पिछले डेढ़ संस्करण संयुक्त अरब अमीरात में खेलने के अनुभव के कारण वह अपने और टीम के अच्छे प्रदर्शन के लिए आश्वस्त हैं।

राहुल ने कहा, "लगातार क्रिकेट खेलने से मुझे मदद मिली है। पिछले छह-सात मुक़ाबलों में हमें परिस्थितियों के अनुकूल बनने का अवसर मिला। पिछले साल यूएई में खेलने के बाद मुझे यह पता चला कि मुझे कौन से शॉट खेलने हैं और इससे मुझे आगामी विश्व कप की तैयारी करने में मदद मिलेगी।"

अनुवाद ESPNcricinfo हिंदी के सब एडिटर अफ़्ज़ल जिवानी ने किया है।