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अब वीवो नहीं टाटा होगा आईपीएल का टाइटल प्रायोजक

दो नई टीमों को मिला लेटर ऑफ़ इंटेंट

इससे पहले 2020 में भारत-चीन तनाव के कारण वीवो को टाइटल स्पॉन्सरशिप से हटना पड़ा था  •  BCCI

इससे पहले 2020 में भारत-चीन तनाव के कारण वीवो को टाइटल स्पॉन्सरशिप से हटना पड़ा था  •  BCCI

अगले दो सालों के लिए इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) का टाइटल प्रायोजक वीवो नहीं टाटा होगा। वीवो ने इस सीज़न से ही आईपीएल स्पॉन्सरशिप से हटने का फ़ैसला किया है। अब 2022 और 2023 का आईपीएल टाइटल टाटा प्रायोजित करेगा। आईपीएल गवर्निंग काउंसिल ने मंगलवार को इस पर अपनी मंज़ूरी दे दी है।
जून, 2020 में भारत-चीन बॉर्डर पर हुए तनाव के बाद वीवो 2020 के सीज़न में स्पॉन्सरशिप से हट गया और ड्रीम इलेवन को उसकी जगह पर अंतरिम स्पॉन्सरशिप मिला था। हालांकि अगले सीज़न फिर से वीवो की वापसी हुई और 2011 सीज़न में वह फिर से आईपीएल का टाइटल स्पॉन्सर था। लेकिन अब बीसीसीआई ने वीवो के साथ और आगे नहीं बढ़ने का फ़ैसला किया है।
इससे पहले वीवो ने 341 मिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग 25.21 अरब रूपये) में 2017 से 2022 तक का आईपीएल टाइटल स्पॉन्सरशिप हासिल किया था। 2015 और 2016 में भी यह स्पॉन्सरशिप वीवो के पास ही था, जिसे 2017 में फिर से बढ़ाया गया था।
इसके अलावा मंगलवार को गवर्निंग काउंसिल ने दो नई आईपीएल टीमों को स्वीकृति पत्र (लेटर ऑफ़ इंटेंट) भी दे दिया। अहमदाबाद फ़्रैंचाइज़ी की मालिकाना हक़ वाली सीवीसी कैपिटल कंपनी के दो सट्टेबाज़ी कंपनियों में शेयर होने की ख़बर के बाद बीसीसीआई ने स्वीकृति पत्र देने में देरी की थी। बोर्ड ने इस मामले की जांच करने के लिए वक़ीलों के एक समूह की नियुक्ति की थी।
ईएसपीएनक्रिकइंफ़ो समझता है कि बीसीसीआई ने इस जांच में पाया कि सट्टेबाज़ी कंपनियों के कोई प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष संबंध सीवीसी एशियन फ़ंड से नहीं है, जिसने अहमदाबाद टीम पर पैसा निवेश किया है। अब दोनों नई फ़्रेंचाइज़ी के पास दस दिन का समय है, जिसमें वह बता सके कि उन्होंने किन तीन खिलाड़ियों को मूल रूप से अपनी टीम में रखा है। इसके बाद नीलामी के लिए खिलाड़ियों का पूल तैयार किया जाएगा, जो कि 12 और 13 फ़रवरी को बेंगलुरू में होना निर्धारित है।

नागराज गोलापुड़ी ESPNcricinfo में न्यूज़ एडिटर हैं, अनुवाद ईएसपीएनक्रिकइंफ़ो हिंदी के दया सागर ने किया है