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रिपोर्ट

NEP vs SA, Report: आख़िरी गेंद पर साउथ अफ़्रीका ने नेपाल का तोड़ा दिल

आख़िरी गेंद पर पलटा पासा, लगभग पूरे मैच में हावी था नेपाल

टी20 विश्व कप में नेपाल के पास साउथ अफ़्रीका के ख़िलाफ़ उलटफेर करने का एक सुनहरा मौक़ा था लेकिन वह ऐसा नहीं कर सके। दोनों टीमों के बीच खेले गए रोमांचक मैच को साउथ अफ़्रीका ने सिर्फ़ 2 रनों के अंतर से जीत लिया। पहले बल्लेबाज़ी करते हुए नेपाल की टीम ने साउथ अफ़्रीका जैसी बड़ी टीम को सिर्फ़115 के स्कोर पर रोक दिया था और लक्ष्य का पीछा करते काफ़ी अच्छी स्थिति में थे। लेकिन दूसरी पारी के आख़िरी 18 गेंदो में मैच की कहानी पूरी तरह से पलट गई और साउथ अफ़्रीका ने नेपाल को इतिहास बनाने से रोक दिया। तबरेज़ शम्सी ने साउथ अफ़्रीका की इस जीत में अहम भूमिका निभाते हुए, चार महत्वपूर्ण विकेट झटके।

तबरेज़ शम्सी रहे मैच के हीरो

पिच की मिजाज़ को देखते हुए, पहले छह ओवरों में ही यह बात तय हो गया था कि इस मैच में स्पिनरों का बोलबाला रहने वाला है। पहली पारी में दीपेंद्र सिंह ऐरी और कुशल भुर्तेल ने कमाल की गेंदबाज़ी करते हुए, साउथ अफ़्रीकी बल्लेबाज़ों को काफ़ी परेशान किया था। वहीं दूसरी पारी में जीत और हार का अंतर तबरेज़ शम्सी की फिरकी थी। अपने स्पेल में उन्होंने चार महत्वपूर्ण विकेट झटके। हालांकि सबसे अहम बात यह है कि जब नेपाल की टीम को सिर्फ़18 गेंदों में 18 रनों की ज़रूरत थी, तब शम्सी ने अपने स्पेल की आख़िरी ओवर में सिर्फ़ 2 देकर दो विकेट झटके। इस ओवर के बाद दबाव ने अपना रूख़ नेपाल की टीम की तरफ़ मोड़ लिया था।

18वां ओवर रहा मैच का टर्निंग प्वाइंट

116 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए, नेपाल की टीम का काफ़ी सहज तरीक़े से बल्लेबाज़ी कर रही थी। ऐसा प्रतीत हो रहा था कि मानो दूसरी पारी में बल्लेबाज़ी आसान हो गई है। हालांकि तबरेज़ शम्सी लगातार गुच्छों में विकेट लेने की फ़िराक में थी। उन्होंने दो बार मैच के मोमेंटम को बदलने का प्रयास किया। पहली बार उन्होंने अपने स्पेल की पहले ओवर में दो विकेट लिए लेकिन उन्हें बाक़ी के गेंदबाज़ों का साथ नहीं मिला लेकिन दूसरे प्रयास में वह सफल हो गए। 18वें ओवर की शुरुआत से पहले नेपाल ने सिर्फ़ तीन विकेट गंवाए थे और उनकी टीम 100 रन के क़रीब थी लेकिन शम्सी ने अपनी स्पिन लेती गेंदबाज़ों से बल्लेबाज़ों को चारो खाने चित्त कर दिया और सिर्फ़ दो रन देकर दो विकेट झटके। यहीं मैच पूरी तरह से साउथ अफ़्रीका की तरफ़ घूम गया। साथ ही बाक़ी के गेंदबाज़ों ने भी उनका बख़ूबी साथ निभाया।
इसके अलावा मैच के आख़िरी ओवर में भी नेपाल के पास मैच को ड्रॉ करने का मौक़ा था। एक गेंद में दो रनों की ज़रूरत थी और एक रन लेने के प्रयास में नॉन स्ट्राइकर एंड पर गुलशन झा ने बहुत बड़ी ग़लती कर दी। वह क्रीज़ में लगभग पहुंच चुके थे लेकिन अतिआश्वस्त होने के कारण वह रन आउट हो गए।

इस मैच का तात्पर्य क्या है ?

सुपर 8 में पहुंचने के संदर्भ में इस मैच का कोई भी महत्व नहीं था। हालांकि नेपाल की टीम ने यह दिखा दिया कि उनकी टीम में काफ़ी प्रतिभा है। वह साउथ अफ़्रीका जेसी टीम को भी संघर्ष करने पर मजबूर कर सकते हैं। वहीं साउथ अफ़्रीक की टीम के लिए इस मैच से सकारात्मक बात यह थी कि उन्होंने दबाव वाली परिस्थिति में भी ख़ुद को संभालते हुए अच्छा प्रदर्शन करने में सफल रहे। अक्सर यह मान लिया जाता है केि दबाव में उनकी टीम बिखर जाती है।

राजन राज ESPNcricinfo हिंदी में सब एडिटर हैं